Thursday, 13 August 2015

भाषा की समस्या

उच्च शिक्षा  से उत्पन्न समस्या के निदान तात्कालिक कदम से तो पूर्णतः समाप्त नहीं हो सकता है। लेकिन दीर्घकालीन प्रयास का परिणाम सकारात्मक होगा।
इसके लिए  स्कूली शिक्षा  से ही हिंदी और अंग्रेजी की अनिवार्यता होनी चाहिए। ताकि विधार्थी  इतनी  क्षमता  विकसित कर सके की वह अंग्रेजी पढ़कर हिंदी और हिंदी पढ़कर अंग्रेजी में आसानी से समझ। 

Tuesday, 30 June 2015

भाग्य और कर्म का सम्बन्ध

"अपने विचारों के प्रति सचेत हो,वे ही शब्द बन जाते हैं,
 अपने शब्दों के प्रति सचेत हो,वे ही आपके कर्म बन जातें हैं,
 अपने कर्मों के प्रति सचेत हो,वे ही आपकी आदतें बन जाती है,
 अपनी आदतों के प्रति सचेत हो,वे ही आपका चरित्र बन जाती हैं,

 अपने चरित्र के प्रति सचेत हो,यह आपका भाग्य बन जाता हैं।"